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भारत में सूती वस्त्र उद्योग से संबंधित प्रश्न

इस आर्टिकल में आज हम जानेंगे भारत के एक महत्वपूर्ण उद्योग, सूती वस्त्र उद्योग के बारे में, व उससे संबंधित महत्वपूर्ण प्रश्न जो प्रतियोगी परीक्षाओं में अक्सर पूछे जाते हैं के बारे में-

भारत में सूती वस्त्र उद्योग-

सूती वस्त्र उद्योग भारत का एक बहुत ही महत्वपूर्ण उद्योग है, जो कृषि के बाद सबसे ज्यादा लोगों को रोजगार प्रदान करता है।


भारत में प्रथम सूती वस्त्र कारखाना-


भारत में सूती वस्त्र का प्रथम कारखाना
भारत में आधुनिक ढंग से सूती वस्त्र की पहली मिल की स्थापना 1818 में कोलकाता के समीप, फोर्ट  ग्लास्टर में की गई थी, किंतु यह जो है असफल रही थी,

भारत का पहला सफल आधुनिक सूती वस्त्र कारखाना-


सबसे पहला सफल आधुनिक सूती कपड़ा कारखाना 1854 ईसवी में मुंबई में कवासजी डाबर द्वारा खोला गया जिसमें 1856 ईसवी से उत्पादन प्रारंभ हुआ था,

सूती वस्त्र उद्योग से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदु-


सूती वस्त्र उद्योग का सर्वाधिक केंद्रीयकरण महाराष्ट्र एवं गुजरात राज्य में पाया जाता है ,अन्य राज्य जिनमें सूती वस्त्र उद्योग मिलता है वे हैं पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, केरल तथा उत्तर प्रदेश

भारत के सूती वस्त्र की राजधानी किसका उपनाम है-


मुंबई को भारत के सूती वस्त्रों की राजधानी के उपनाम से जाना जाता है।

भारत का मैनचेस्टर किस शहर को कहा जाता है-

कानपुर को उत्तर भारत का मैनचेस्टर कहा जाता है।

दक्षिण भारत का मैनचेस्टर किसे कहा जाता है-


कोयंबटूर को दक्षिण भारत का मैनचेस्टर कहा जाता है।


अहमदाबाद को भारत का बोस्टन कहा जाता है।

सूती वस्त्र उद्योग का भारतीय अर्थव्यवस्था में योगदान-


भारतीय अर्थव्यवस्था में कपड़ा उद्योग का स्थान कृषि के बाद दूसरा है यह भारत का सबसे प्राचीन उद्योग है यह देश का सबसे बड़ा संगठित एवं व्यापक उद्योग है,यह उद्योग देश में कृषि के बाद रोजगार प्रदान करने वाला देश का दूसरा सबसे बड़ा क्षेत्र है।

औद्योगिक उत्पादन में वस्त्र उद्योग का योगदान 14% है देश के सकल घरेलू उत्पाद यानी जीडीपी में इसका योगदान 4% है देश की निर्यात आई में वस्त्र उद्योग का कुल योगदान 11% है।

रोजगार प्रदान करने की दृष्टि से इसी के बाद वस्त्र उद्योग दूसरा सबसे बड़ा क्षेत्र है अर्थात भारत में यहां की 60% जनसंख्या कृषि कार्य में लगी हुई है जबकि इसके बाद जिस क्षेत्र का स्थान आता है वह है कपड़ा उद्योग,


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